छत्तीसगढ़

दो साल से फरार हत्या आरोपी का खेल खत्म, उतई पुलिस ने दबोचा

Shantanu Roy
4 Aug 2026 8:53 PM IST
दो साल से फरार हत्या आरोपी का खेल खत्म, उतई पुलिस ने दबोचा
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Durg. दुर्ग। हत्या के एक चर्चित मामले में लगभग दो वर्षों से फरार चल रहे आरोपी को आखिरकार दुर्ग जिले की उतई पुलिस ने महाराष्ट्र के नागपुर से गिरफ्तार कर लिया है। लंबे समय से पुलिस की पकड़ से बचने के लिए लगातार ठिकाने बदल रहे आरोपी को तकनीकी विश्लेषण, मुखबिर तंत्र और विशेष पुलिस टीम की लगातार निगरानी के बाद दबोच लिया गया। आरोपी को न्यायालय में पेश करने के बाद न्यायिक रिमांड पर केंद्रीय जेल दुर्ग भेज दिया गया है।
पुलिस के अनुसार यह मामला थाना उतई में दर्ज अपराध क्रमांक 240/2024 से संबंधित है, जिसमें भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की विभिन्न धाराओं के तहत हत्या का अपराध दर्ज किया गया था। इस सनसनीखेज मामले की जांच के दौरान पुलिस ने पहले ही दीपजोत कौर संधु उर्फ निक्की और एक अपचारी बालिका को 14 अगस्त 2024 को गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया था। हालांकि मामले का एक मुख्य आरोपी सुमित हीरानंद लालवानी (30 वर्ष) घटना के बाद से लगातार फरार चल रहा था।
पुलिस ने आरोपी की तलाश के लिए कई स्तरों पर अभियान चलाया। उसके संभावित ठिकानों पर दबिश दी गई और लगातार तकनीकी निगरानी रखी गई। जांच के दौरान आरोपी के मोबाइल नेटवर्क, संपर्क सूत्रों और गतिविधियों का विश्लेषण किया गया। इसी बीच पुलिस को मुखबिर से महत्वपूर्ण सूचना मिली कि आरोपी महाराष्ट्र के नागपुर में छिपा हुआ है और समय-समय पर अपना ठिकाना बदल रहा है। वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के निर्देशन में एक विशेष टीम का गठन किया गया। टीम ने नागपुर पहुंचकर स्थानीय स्तर पर गोपनीय निगरानी की और योजनाबद्ध तरीके से घेराबंदी कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के दौरान आरोपी ने बचने की कोशिश की, लेकिन पुलिस टीम ने उसे बिना किसी अप्रिय घटना के हिरासत में ले लिया।
पूछताछ के दौरान आरोपी ने मामले से जुड़े कई महत्वपूर्ण तथ्य पुलिस के सामने रखे हैं। पुलिस का कहना है कि आरोपी से मिली जानकारी के आधार पर मामले के अन्य पहलुओं की भी जांच की जा रही है। गिरफ्तारी के समय आरोपी के कब्जे से 9 हजार रुपये नकद भी बरामद किए गए, जिन्हें पुलिस ने जब्त कर लिया है। आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद आरोपी को न्यायालय में पेश किया गया। अदालत ने उसे न्यायिक अभिरक्षा में केंद्रीय जेल दुर्ग भेजने के आदेश दिए। पुलिस का कहना है कि हत्या के इस मामले में विवेचना आगे भी जारी रहेगी और यदि जांच में अन्य लोगों की संलिप्तता सामने आती है तो उनके विरुद्ध भी नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
इस पूरी कार्रवाई में थाना उतई के निरीक्षक मोहन भारद्वाज, उप निरीक्षक श्रीराम पेन्ड्रो, सहायक उप निरीक्षक सुरेश पाण्डेय, आरक्षक ध्रुवनारायण चन्द्राकर सहित थाना स्टाफ की महत्वपूर्ण भूमिका रही। वरिष्ठ अधिकारियों ने टीम की सतर्कता और समन्वित कार्रवाई की सराहना की है। दुर्ग पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है कि यदि किसी फरार अपराधी या संदिग्ध गतिविधि की जानकारी मिले तो तुरंत पुलिस को सूचित करें। पुलिस ने भरोसा दिलाया है कि सूचना देने वाले व्यक्ति की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी। साथ ही अपराधियों के खिलाफ सख्त वैधानिक कार्रवाई भविष्य में भी इसी तरह जारी रहेगी, ताकि कानून-व्यवस्था बनी रहे और अपराधियों में कानून का भय कायम रहे।
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